आज, आपके लिए
बुध का आपके सातवें भाव में गोचर आपको उस बातचीत की तरफ खींच रहा है जो आप टालते आ रहे हैं — वह जो लड़ाई नहीं, हवा साफ करती है।
ज़्यादा सफ़ाई देने की कोशिश न करें। आज एक वाक्य एक पूरे पैराग्राफ से ज़्यादा असर करेगा।
शाम होते-होते शुक्र उसी धुरी को शांत कर देता है। सुबह जो कहा, वह धीरे से जा कर बैठेगा।